एससी-एसटी अत्याचार निवारण मामलों के आठ प्रस्तावों को मिली मंजूरी
जामताड़ा : उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में अनुसूचित जाति एवं जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 के तहत जिला स्तरीय सतर्कता सह मॉनिटरिंग समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत प्राप्त मामलों की समीक्षा कर आवश्यक निर्णय लिए गए।
बैठक में परियोजना निदेशक आईटीडीए ने समिति के समक्ष कुल 12 मामलों के प्रस्ताव प्रस्तुत किए। इनमें नारायणपुर थाना के चार, नाला थाना का एक, करमाटांड़ थाना के दो, एससी-एसटी थाना के चार तथा कुंडहित थाना का एक मामला शामिल था। समिति ने सभी मामलों की बारीकी से समीक्षा की।
समीक्षा के बाद समिति ने सर्वसम्मति से आठ प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान की। इन मामलों में नियमानुसार पीड़ितों एवं वादियों को निर्धारित प्रावधानों के तहत 25 से 50 प्रतिशत तक अनुग्रह राशि का भुगतान करने का निर्णय लिया गया। एक प्रस्ताव को अस्वीकृत कर दिया गया, जबकि तीन प्रस्तावों में आवश्यक दस्तावेजों और जांच पूरी कर अगली बैठक में प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया।
बैठक के दौरान मामलों के त्वरित निष्पादन, नियमों के प्रभावी अनुपालन और पीड़ितों को समय पर सहायता उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक शम्भू कुमार सिंह, परियोजना निदेशक आईटीडीए जुगनू मिंज, प्रभारी पदाधिकारी विधि शाखा सुजीत कुमार सिंह, विधायक प्रतिनिधि तथा समिति के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।








