बिक्रमपुर के इरफान नुरी बने क़ारी व मौलाना, क्षेत्र में खुशी की लहर
निजाम खान
जामताड़ा: जिले के कुंडहित प्रखंड अंतर्गत बिक्रमपुर गांव के निवासी नसरूल उर्फ हाबल खान के पुत्र इरफान नुरी ने क़ारी एवं मौलाना की डिग्री हासिल कर अपने परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन किया है। इस उपलब्धि से पूरे गांव सहित आसपास के क्षेत्रों में खुशी का माहौल है और लोग उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं।
इस संबंध में इरफान नुरी ने बताया कि वे उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर जिला के प्रसिद्ध धार्मिक शिक्षण संस्थान किचौछा शरीफ के अशरफपुर स्थित मदरसा अमीरुल उलूम सिमनानिया से उच्च इस्लामी शिक्षा प्राप्त की। वहीं से उन्होंने मौलाना की डिग्री हासिल की। जहां से उन्हें दस्तारबंदी कर इस्लामी पगड़ी पहनाया।उन्होंने कहा वे अपनी प्रारंभिक धार्मिक शिक्षा ओडिशा के मदरसा फैजुल हबीब से प्राप्त की थी। इसके बाद पश्चिम बंगाल के मालदा मदरसा कलीमिया सिराजीया गरीब नवाज मिशन से धार्मिक शिक्षा प्राप्त किया।इसके बाद धार्मिक शिक्षा के प्रति समर्पित होकर उन्होंने मदरसा अमीरुल उलूम सिमनानिया में अध्ययन किया और सफलता के साथ अपनी पढ़ाई पूरी की।
इरफान नुरी की इस उपलब्धि पर उनके परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों, गांव के लोगों तथा क्षेत्र के उलेमा-ए-किराम ने हर्ष व्यक्त किया है। सभी ने उन्हें बधाई देते हुए उम्मीद जताई कि वह आगे चलकर समाज और कौम की बेहतर सेवा करेंगे तथा शिक्षा और धार्मिक मार्गदर्शन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। उनकी इस सफलता से क्षेत्र के युवाओं को भी प्रेरणा मिलेगी।









