जामताड़ा। मॉनसून के दौरान सामान्य से अधिक बारिश होने के पूर्वानुमान को देखते हुए जिला प्रशासन ने संभावित आपदा से निपटने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। भारी बारिश से अचानक बाढ़, नदी में जलस्तर बढ़ने, भूस्खलन, सड़क संपर्क बाधित होने तथा बिजली और संचार व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए विभिन्न विभागों एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों, अंचल अधिकारियों, ग्रामीण कार्य प्रमंडल, पथ प्रमंडल, नगर पंचायत एवं नगर परिषद के अधिकारियों को कच्चे मकानों के गिरने, पेड़ों के उखड़ने तथा सड़कों के अवरुद्ध या बह जाने की स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। मैदानी क्षेत्रों में संभावित बाढ़ तथा कृषि एवं बागवानी फसलों को होने वाले नुकसान को देखते हुए भी संबंधित एजेंसियों को सतर्क रहने को कहा गया है।
भारी बारिश से बिजली के पोल क्षतिग्रस्त होने की आशंका को देखते हुए विद्युत एवं जलापूर्ति व्यवस्था शीघ्र बहाल करने के लिए टीम गठित कर युद्धस्तर पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। सिंचाई प्रमंडल को लाधना, बिरग्राम, अजय नदी एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने को कहा गया है।
संभावित जानमाल के नुकसान की स्थिति में विभागों के बीच समन्वय और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। वहीं अनुमंडल पदाधिकारी को जनसुविधा के लिए 24 घंटे नियंत्रण कक्ष सक्रिय रखने को कहा गया है।








