जामताड़ा। जिले में परिवार विहीन एवं देखरेख एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले बच्चों के बेहतर भविष्य को ध्यान में रखते हुए जिला बाल संरक्षण इकाई ने फोस्टर केयर (पालन-पोषण) योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार की पहल शुरू की है। इसके तहत इच्छुक एवं पात्र परिवारों से योजना से जुड़कर बच्चों के पालन-पोषण और देखरेख में सहयोग करने की अपील की गई है।
महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग की इस योजना के अंतर्गत 18 वर्ष तक के ऐसे बच्चों को लाभ दिया जाता है, जिन्हें देखरेख और संरक्षण की आवश्यकता है। योजना का उद्देश्य बच्चों को पारिवारिक माहौल उपलब्ध कराना तथा उनकी शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और समग्र विकास सुनिश्चित करना है। पात्र परिवारों को बच्चों की देखभाल के लिए अधिकतम तीन वर्षों तक प्रतिमाह आर्थिक सहायता भी प्रदान की जाती है।
योजना के तहत मानसिक रूप से बीमार अभिभावकों के बच्चे, जेल में बंद माता-पिता के बच्चे तथा शोषण, घरेलू हिंसा या प्राकृतिक एवं मानव निर्मित आपदाओं से प्रभावित बच्चे लाभान्वित हो सकते हैं।
फोस्टर केयर के लिए पति-पत्नी का भारतीय नागरिक होना, दोनों की आयु 35 वर्ष से अधिक होना, बच्चे की देखभाल के लिए सहमति, पर्याप्त आय का स्रोत तथा परिवार के सदस्यों की चिकित्सीय जांच रिपोर्ट आवश्यक है। इच्छुक दंपत्ति एवं परिवार योजना की विस्तृत जानकारी के लिए जिला बाल संरक्षण इकाई, जामताड़ा कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।








