जामताड़ा, 24 अगस्त। जिला प्रशासन की ओर से सोमवार को कार्यालय प्रकोष्ठ में आयुष विभाग की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभागीय योजनाओं की प्रगति, आयुष स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और आगामी कार्ययोजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक में ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों तक आयुष चिकित्सा पद्धति और उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। संबंधित अधिकारियों को विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप आयुष सेवाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया, ताकि अधिक से अधिक लोग पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के लाभ से जुड़ सकें।
विद्यालयों में आयुर्विद्या कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा हुई। इसके माध्यम से 6 से 12 वर्ष तक के बच्चों के स्वास्थ्य सूचकांकों में सुधार, आयुष सिद्धांत, स्वस्थ जीवनशैली और पोषण से संबंधित नियमित जानकारी देने पर जोर दिया गया।
इसके अलावा वयोमित्र, आयुषग्राम तथा ऑस्टियोआर्थराइटिस एवं अन्य मस्कुलोस्केलेटल विकारों की रोकथाम एवं प्रबंधन से संबंधित जागरूकता कार्यक्रमों को विभिन्न स्तरों पर संचालित करने का निर्देश दिया गया। बैठक में जिला आयुष चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. अवधनाथ यादव सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी मौजूद रहे।









