जामताड़ा में मंगलवार को उपायुक्त आलोक कुमार की अध्यक्षता में जनता दरबार आयोजित किया गया। इसमें जिलेभर से पहुंचे करीब 20 से 25 लोगों ने जमीन विवाद, आपसी बंटवारा, राशन कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, आंगनवाड़ी चयन, गोचर भूमि पर कब्जा और अन्य समस्याएं प्रशासन के सामने रखीं। कई मामलों का मौके पर ही समाधान किया गया।
नारायणपुर प्रखंड के ग्रामीणों ने प्रधानी जमीन के नाम पर एक व्यक्ति द्वारा कथित रूप से जबरन राशि वसूले जाने की शिकायत की। मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अंचल अधिकारी को जांच कर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।
फतेहपुर प्रखंड के बानरनाचा से पहुंचे जल छाजन समिति के सदस्यों ने एक एनजीओ पर भुगतान में वित्तीय अनियमितता का आरोप लगाया। उपायुक्त ने मामले की जांच के लिए आवेदन उप विकास आयुक्त को भेजते हुए जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए।
जनता दरबार में एक महिला ने शादी के बाद मायके के राशन कार्ड से अपना नाम हटाने की मांग रखी। वहीं गोचर भूमि पर अतिक्रमण, आंगनवाड़ी चयन और एसडीओ कोर्ट से संबंधित मामले भी सामने आए। इन सभी मामलों पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्राप्त शिकायतों का एक सप्ताह के भीतर प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें और लोगों को अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।








